![]() |
|
स्वागत पत्र अंतर्राष्ट्रीय वांतरिक्ष समुदाय के साथ अधिक संबंध हेतु इच्छुक |
|
एनएएल के बारे में
|
राष्ट्रीय वांतरिक्ष प्रयोगशालाएं(एनएएल) वेब साइट में आपका स्वागत है1 1959 में जब एनएएल की स्थापना हुई(1993 तक राष्ट्रीय वैमानिकी प्रयोगशालाएं कहता था) वैमानिकी क्षेत्र में उच्च स्तरीय अनुसंधान एवं विकास और राष्ट्रीय वांतरिक्ष कार्यक्रमों केलिए अत्याधुनिक सुवधिाएं उपलब्ध कराना ही इसका प्रमुख उद्देश्य था1 45 वर्ष के उपरांत हम गर्व से कह सकते हैं कि इन आकांक्षाओं को हमने पूरा कर लिया है1 वास्तव में एनएएल ने बहुत कुछ हासिल कर लिया है1 भारत की वांतरिक्ष नीति एवं कार्यक्रमों में हमारी भूमिका बहुमूल्य है1 आने वाले वर्षों में , राष्ट्रीय स्तर पर हमारा प्रयास और बढेगा1 पिछले दशक में भारत के आर्थिक, राजनीतिक और प्रौद्योगिकी क्षेत्र् में महत्वपूर्ण बदलाव हुए और सभीप्रमुख संगठन अपने भविष्य के संबंध में पने आप को गंभीर सवाल कर रहे हैं1 एनएएल में भी इस संबंध में बहुत चर्चा हुई1 इसका परिणाम दृश्य 2002 में दर्शाया गया है1 हाल ही के हमारे प्रमुख नर्णियों में से देश के नागर विमानन क्षेत्र की आवश्यकता को पूरा करने और बहु-विषयी विशेषज्ञ द्वारा उत्तम उत्पाद तैयार करने हेतु संपूर्ण उडान प्रणाली विकास कार्यक्रमों को हाथ लेना है1 हंस (2 सीटों वाला प्रशिक्षण वायुयान) वायुयान का 2002-2003 में उडान भरने की आशा है1 हम अंतर्राष्ट्रीय स्तर तक अपने बाहें फैलाना चाहते हैं और भारत से बाहर अ –वि क्षेत्र में भागीदारी की प्रतीक्षा कर रहे हैं1 हमारे आधारभूत संसाधन(330 पूर्णकालिक वांतरिक्ष अ –वि संख्यावसायिक), दीर्घ काल अनुभव एवं वांतरिक्ष अनुसंधान के क्षेत्र में सफलता और अत्याधुनिकता सुविधा के कारण मुझे लगता है कि अंतर्राष्ट्रीय वांतरिक्ष क्षेत्र हेतु एनएएल में बहुत संसाधन हैं1 बेंगलूर, भारत का अति शीघ्र विकसित इलेक्ट्रानिक सिटि, में िस्थत हमारे कार्यालय से संपर्क करना और परियोजना का कार्यान्वयन, दोनों अति शीघ्र संभव है1 इसलिए मैं आपसे अनुरोध करता हूं कि कृपया कुछ मिनटों के लिए इस वेब साइट को ब्राउस करें1 पखवाडे में कम से कम एक बार आपको इस साइट को ब्राउस करने के लिए भी मैं आपको आमंत्रित करता हूं ताकि एनएएल में हो रहे रोचक बातें आपसे बांट सकते हैं1 आपके सवाल एवं सुझाव प्राप्त करने में मुझे बडी खुशी होगी, और इसके जवाब भी हम आपको तुरंत देने की कोशशि करेंगे1
| |